UPI Fraud या UPI स्कैम आजकल इंटरनेट और डिजिटल पेमेंट के बढ़ते इस्तेमाल के साथ एक गंभीर समस्या बन चुका है। साइबर ठग हर रोज नए-नए तरीके अपनाकर लोगों को चूना लगाने में लगे हैं। हाल ही में मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, इस साल के पहले छह महीनों में करीब 26,000 लोगों के साथ UPI फ्रॉड हुआ है। यह आंकड़ा सिर्फ रजिस्टर्ड कंप्लेंट्स पर आधारित है, और असल संख्या इससे कहीं ज्यादा हो सकती है। इसलिए आज हम आपको UPI फ्रॉड से बचने के कुछ जरूरी उपायों के बारे में बताएंगे ताकि आप अपनी मेहनत की कमाई को सुरक्षित रख सकें।
UPI Fraud के सामान्य स्कैम्स
साइबर ठग अलग-अलग तरीकों से लोगों को धोखा देते हैं, जिससे उनका बैंक बैलेंस खाली हो जाता है। इन कुछ आम UPI स्कैम्स के बारे में जानना आपके लिए फायदेमंद हो सकता है:
1. फर्जी पेमेंट स्क्रीनशॉट्स
साइबर ठग अक्सर फेक पेमेंट स्क्रीनशॉट्स तैयार करते हैं और विक्टिम से रुपये वापस मांगते हैं। यह स्क्रीनशॉट्स एक फर्जी ट्रांजैक्शन को दिखाते हैं, जिससे उन्हें लगता है कि पैसे भेजे गए हैं। ऐसे मामलों में ठग जल्दी से पैसे मांगकर अपनी बात मानने के लिए दबाव डालते हैं।
2. दोस्त बनकर रुपये मांगना
AI वॉयस क्लोनिंग और Deepfake जैसी तकनीकों का उपयोग करके ठग खुद को आपके दोस्त या रिश्तेदार के रूप में पेश करते हैं। वे किसी इमरजेंसी का बहाना बनाकर आपसे पैसे मांगते हैं। इस स्कैम का शिकार कई लोग इसलिए हो जाते हैं क्योंकि वे ठग को पहचानने में चूक जाते हैं।
3. फेक UPI QR कोड
साइबर ठग फेक UPI QR कोड तैयार करके यूज़र्स को एक नकली वेबसाइट पर भेजते हैं। वहां से वे पेमेंट की मांग करते हैं। कई बार यूज़र्स बिना जांचे परखे इसे स्कैन कर देते हैं और पैसे गंवा बैठते हैं।
4. स्क्रीन मॉनिटरिंग ऐप्स
कुछ संदिग्ध ऐप्स आपकी स्क्रीन रिकॉर्डिंग करते हैं और आपके बैंक लॉगिन डिटेल्स या UPI पिन को चोरी कर लेते हैं। इसके बाद ठग आपके बैंक खाते में सेंधमारी कर पैसे निकाल लेते हैं।
UPI फ्रॉड से कैसे बचें?
UPI फ्रॉड से बचने के लिए कुछ जरूरी सावधानियां बरतना बेहद ज़रूरी है। यहां हम आपको कुछ फूलप्रूफ टिप्स दे रहे हैं जिनका पालन कर आप अपनी पहचान और पैसे को सुरक्षित रख सकते हैं:
1. UPI पिन कभी भी न शेयर करें
UPI पिन आपकी सुरक्षा का मुख्य हिस्सा होता है, और इसे किसी के साथ भी शेयर नहीं करना चाहिए। कभी भी किसी भी कॉल या मैसेज पर UPI पिन या OTP न दें। साइबर ठग अक्सर बैंक अधिकारी या कस्टमर हेल्पलाइन के नाम पर आपका पिन मांगते हैं।
2. पेमेंट रिसीव करते समय सतर्क रहें
UPI से पेमेंट करते समय ध्यान रखें कि आपको कभी भी UPI पिन एंटर करने की जरूरत नहीं होती, जब तक कि आप खुद पेमेंट नहीं भेज रहे हैं। अगर कोई आपको पेमेंट करने के लिए कहे और पिन एंटर करने की मांग करे, तो यह एक बड़ी रेड फ्लैग हो सकती है। ऐसे में तुरंत उस लेन-देन को रोकें और सतर्क हो जाएं।
3. अनचाही पेमेंट लिंक से सावधान रहें
कभी भी अनचाही पेमेंट लिंक पर क्लिक न करें। ये लिंक अक्सर SMS, ईमेल या मैसेजिंग ऐप्स के जरिए भेजे जाते हैं, और इनमें आपकी बैंक डिटेल्स चोरी करने की कोशिश की जाती है। ऐसे लिंक पर क्लिक करने से बचें, क्योंकि यह आपके व्यक्तिगत डिटेल्स को चोरी कर सकता है।
4. स्मार्टफोन को रखें सुरक्षित
आपके स्मार्टफोन को सुरक्षित रखना भी जरूरी है। इसमें फिंगरप्रिंट लॉक, पासवर्ड या फेस लॉक लगाना चाहिए। इसके अलावा, अपने स्मार्टफोन में एंटीवायरस एप्स इंस्टॉल करना भी एक अच्छा उपाय हो सकता है, ताकि किसी भी वायरस या मालवेयर से बचा जा सके।
5. स्क्रीन रिकॉर्डिंग और संदिग्ध ऐप्स से बचें
कभी भी ऐसे ऐप्स डाउनलोड न करें जो आपकी स्क्रीन रिकॉर्डिंग करते हों। इन ऐप्स के माध्यम से साइबर ठग आपके व्यक्तिगत डिटेल्स चुराकर आपका बैंक खाता खाली कर सकते हैं। हमेशा गूगल प्ले स्टोर या एपल ऐप स्टोर से ही ऐप्स डाउनलोड करें, क्योंकि इन प्लेटफॉर्म्स पर ऐप्स की सुरक्षा जांची जाती है।
UPI फ्रॉड आजकल काफी आम हो गया है, और साइबर ठग नए-नए तरीकों से लोगों को धोखा देने की कोशिश करते हैं। इससे बचने के लिए सतर्कता सबसे अहम है। UPI पिन को कभी भी किसी से साझा न करें, अनचाही पेमेंट लिंक पर क्लिक न करें और अपने फोन को सुरक्षित रखें। इन सावधानियों को ध्यान में रखते हुए आप साइबर ठगी से खुद को सुरक्षित रख सकते हैं और अपनी मेहनत की कमाई को बचा सकते हैं।
आपके लिए सुरक्षा सबसे अहम है। अपने UPI ट्रांजैक्शन की जानकारी को सुरक्षित रखें और साइबर ठगों से बचने के लिए इन उपायों का पालन करें।
